Highway से कितनी कमाई कर रही सरकार, 9 साल में इतने गुना बढ़ गई इनकम
Bharatmala Pariyojana : केंद्र सरकार की ओर से साल 2017 में शुरू की गई भारतमाला परियोजना (Bharatmala Pariyojana) देश के कितनी जरूरी है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इस परियोजना के सिर्फ एक हिस्से के पूरे होने से ही सरकार की कमाई 3 गुना बढ़ जाएगी.
Saral Kisan, Highway : देश में बन रहे सड़कों और हाईवे के जाल का फायदा सिर्फ आम आदमी को ही नहीं मिलेगा, बल्कि सरकार की जेब भी भर जाएगी. सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) का कहना है कि सिर्फ 1 परियोजना के पूरी होने से ही हमारी कमाई 3 गुना तक बढ़ जाएगी. इस परियोजना का पहला फेज अगले 5 साल में हासिल करने का लक्ष्य है.
मंत्रालय का इशारा मोदी सरकार की महत्वाकांक्षी परियोजना भारतमाला (Bharatmala Pariyojana) से है. मंत्रालय ने कहा है कि साल 20228-29 तक इस परियोजना का पहला फेज तैयार कर लिया जाएगा. इसके बाद टोल टैक्स और राजमार्गों के मोनेटाइजेशन से कुल कमाई करीब 1.25 लाख करोड़ रुपये पहुंच जाएगी, जो 2022-23 में हुई कमाई से करीब 3 गुना ज्यादा होगी.
9 साल में 9 गुना बढ़ी कमाई
मंत्रालय के दस्तावेजों से पता चलता है कि बीते करीब 9 साल में सड़क एवं परिवहन मंत्रालय की कमाई भी 9 गुना बढ़ गई है. 2022-23 में सरकार ने टोल वसूली और राजमार्गों के मोनेटाइजेशन से 41,300 करोड़ रुपये कमाए हैं, जो 2013-14 में सिर्फ 4,770 करोड़ रुपये थी.
भारतमाला इतना महत्वपूर्ण क्यों
मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि भारतमाला परियोजना के फेज-1 में 35 हजार किलोमीटर का नेशनल हाइवे बनाने का लक्ष्य रखा गया है. इसमें से 26,000 किलोमीटर के राजमार्ग निर्माण का जिम्मा अब तक सौंपा जा चुका है, जिसकी कुल लागत 8.24 लाख करोड़ रुपये है. इसमें से भी 14,000 किलोमीटर का काम पूरा हो चुका है, बाकी 2027-28 तक पूरा कर लिया जाएगा. सरकार ने साल 2017 में भारतमाला परियोजना को शुरू किया था, जिसका मकसद देश के सभी प्रमुख शहरों को आपस में जोड़ना था.
कई तरह के राजमार्ग का निर्माण
भारतमाला परियोजना (Bharatmala Pariyojana) के तहत कई कैटेगरी में निर्माण किया जा रहा है. इसमें इकनॉमिक कॉरिडोर, इंटर-कॉरिडोर और फीडर रूट बनाए जाएंगे. इसके अलावा बॉर्डर और इंटरनेशनल कनेक्टिविटी वाली सड़कें भी बनाई जाएंगी. मार्च, 2023 तक 24,837 किलोमीटर लंबी सड़कों के निर्माण को मंजूरी मिल चुकी थी, जिसमें से 11,789 किलोमीटर का निर्माण पूरा भी हो चुका है.
एमपी में सबसे ज्यादा निर्माण
भारतमाला परियोजना (Bharatmala Pariyojana) के 34,800 किलोमीटर के प्रोजेक्ट में से सबसे ज्यादा हिस्सा मध्य प्रदेश का है. यहां अभी तक 3,176 किलोमीटर सड़क का निर्माण चल रहा है, जबकि महाराष्ट्र में 3,018 किलोमीटर, यूपी में 3,014 किलोमीटर और आंध्रप्रदेश में 2,515 सड़कों का निर्माण चल रहा है. 12 राज्यों में तो औसतन 1,500 किलोमीटर से भी ज्यादा लंबी सड़कों का निर्माण चल रहा है.