Rajasthan Monsoon : गर्मी के कारण शहरों में कर्फ्यू जैसा माहौल, बस जयपुर से इतनी दूरी पर मानसून
Rajasthan Monsoon : राजस्थान में बढ़ती गर्मी के कारण लोगों का जीवन अस्त व्यस्त हो गया है. भीषण गर्मी के बीच लोग घरों से बाहर नहीं निकल पा रहे हैं. बिना हेलमेट के बाइक पर चलना तो आग की भट्टी के पास से गुजरने जैसा लगता है. इसके अलावा घर में लगे हुए एयर कंडीशनर भी अब दम तोड़ने लगे हैं. हर कोई आसमान की ओर टकटकी लगाए बादलों का इंतजार कर रहा है कि कब बारिश होगी.
गंगानगर में पिछले तीन दिनों के दौरान तापमान 45 डिग्री से नीचे नहीं उतरा. हालात ऐसे बने हुए हैं की रात के तापमान में भी बढ़ोतरी हो रही है. जयपुर मौसम केंद्र के अनुसार आगामी अगले दो दिन में दो से तीन डिग्री तापमान में बढ़ोतरी होने का अनुमान जताया गया है. चिलचिलाती गर्मी के बीच सोमवार देर शाम पूर्वी और पश्चिमी राजस्थान में हल्की से मध्यम बारिश देखने को मिली. जिससे लोगों को कुछ देर रहता की सांस मिली.
बीकानेर और जयपुर संभाग में कई स्थानों पर लू चल रही है. जयपुर, कोटा, जोधपुर और बीकानेर संभाग में रात के तापमान में भी गर्मी देखने को मिलती है जिससे लोगों को चैन की नींद लेना मुश्किल हो गया है. प्रदेश में अधिकतम तापमान 46.2 डिग्री गंगानगर में दर्ज किया. इसके अलावा सबसे न्यूनतम तापमान अलवर में 37.0 डिग्री रहा.
बारिश को लेकर अलर्ट,
जयपुर मौसम विज्ञान केंद्र द्वारा भरतपुर, धौलपुर जिलों और उसके आसपास से लगते इलाकों में बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया हुआ है. जिसके मुताबिक के इन इलाकों में गरज और चमक के साथ धूल भरी आंधी चलेगी और बारिश का अनुमान जताया गया है. इसके अलावा अगले 48 घंटे के दौरान बीकानेर, जयपुर, भरतपुर संभाग में अधिकतम तापमान 44 से 47 डिग्री तक जाने का अनुमान है. इसकी वजह से रात का तापमान भी गर्म रहने की उम्मीद है. मौसम विभाग के मुताबिक अगले तीन से चार दिनों तक लू चलने का अनुमान है.
— मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर (@IMDJaipur) June 17, 2024
अब जयपुर से ज्यादा दूर नहीं मानसून,
आईएमडी का कहना है कि आगामी 4 से 5 दिनों के अंदर मानसून महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, उड़ीसा, तटीयआंध्र प्रदेश और बंगाल की खाड़ी के उत्तर दक्षिणी हिस्से के कुछ हिस्सों, पश्चिम बंगाल के गंगा के मैदानी इलाकों के कुछ हिस्सों, उप हिमालय पश्चिम बंगाल के और बिहार के कुछ हिस्सों में आगे बढ़ाने के लिए परिस्थितियों बिल्कुल अनुकूल बनी हुई है.
सोमवार को ताजा आंकड़ों के मुताबिक, मानसून 20 जून तक राजस्थान की सीमाओं को छूने के अनुमान से काफी पीछे है. हालांकि कयास यह लगाए जा रहे हैं कि 25 जून तक प्रदेश में मानसून दाखिल हो जाएगा. गुजरात में मानसून 17 जून को पहुंचा है जिससे यह अंदाजा लगाया जा सकता है कि गुजरात और राजस्थान के बीच की दूरी तय करने में मानसून को ज्यादा समय नहीं लगेगा.

