home page

MP News: हाईवे पर सिर्फ ओवरब्रिज बनाएं, सुरंग नहीं, इसके लिए जमीन भी दे दी है

MP News : इंदौर-इच्छापुर हाईवे को फोरलेन में बदलने का काम चल रहा है। यहां रेलवे लाइन पर ओवरब्रिज की जगह सुरंग बनाने का काम शुरू किया गया था। लेकिन ग्रामीणों ने काम रुकवा दिया था।

 | 
MP News: हाईवे पर सिर्फ ओवरब्रिज बनाएं, सुरंग नहीं, इसके लिए जमीन भी दे दी है

Saral Kisan,  MP News : इंदौर-इच्छापुर हाईवे को फोरलेन में बदलने का काम चल रहा है। यहां रेलवे लाइन पर ओवरब्रिज की जगह सुरंग बनाने का काम शुरू किया गया था। लेकिन ग्रामीणों ने काम रुकवा दिया था। इस मामले में किसानों, ग्रामीणों और महिलाओं से चर्चा करने के लिए नायब तहसीलदार विजयपाल सिंह चौहान, एनएचआई के इंजीनियर प्रशांत शिवहरे और अभिषेक गौर, मेगा कंपनी के प्रोजेक्ट इंचार्ज नागेश्वर राव, डिप्टी प्रोजेक्ट इंचार्ज चंदन पटेल और पटवारी नरेंद्र पवार यहां पहुंचे। चौधरी मोहल्ला स्थित हनुमान मंदिर पर किसानों और ग्रामीणों से चर्चा की। किसानों और ग्रामीणों ने एक स्वर में कहा यहां सुरंग नहीं ओवरब्रिज बनाएं। 

ओवरब्रिज बनाने के लिए हमने जमीन दे दी है। मेगा कंपनी के प्रोजेक्ट इंचार्ज और एनएचआई के इंजीनियर ने ग्रामीणों को समझाया कि ओवरब्रिज बनने से वाहनों की स्पीड कम हो जाएगी।  यह 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से होगी, जबकि हाईवे पर 100 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से होगी।

वाहन 120 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगे। ओवरब्रिज में अधिक मोड़ होने से हादसों का खतरा बढ़ जाएगा। इस पर किसानों ने कहा कि यदि सुरंग भी उसी स्थान पर बनेगी तो वहां पर गति कैसे बढ़ेगी। इस वार्ता के बाद किसान व ग्रामीण कमल गुर्जर, नवीन जायसवाल, तुलसीराम चौधरी, राहुल चौहान, हरिशंकर चौधरी, प्रदीप सोनी, दीपक रमेश, कालू चौधरी, रमेश हीरालाल व महिलाओं ने पांच बिंदुओं को लेकर नायब तहसीलदार को ज्ञापन भी दिया। इसमें सुरंग निर्माण से होने वाले नुकसान बताएं।

इन बिंदुओं में शामिल

कृषि भूमि पर स्थित नलकूपों में पानी नहीं आने से सिंचाई के साधन बुरी तरह प्रभावित होंगे। ब्लास्टिंग प्रक्रिया के कारण पूर्व निर्मित मकान व निर्माणाधीन मकानों को नुकसान पहुंचने की संभावना है। सड़क के दोनों ओर शेष कृषि भूमि तक पहुंच मार्ग बंद हो जाएंगे।  सूक्ष्म सिंचाई परियोजना की पाइपलाइन भी प्रभावित होगी, जिससे फसलों को पानी देने में दिक्कत आएगी। आसपास की कृषि भूमि की कीमत में भारी गिरावट आएगी।

Latest News

Featured

You May Like