सिरसा: कृषि विज्ञान केंद्र की बैठक में फसल बीमा विधि कारण व कृषि उद्यमिता बढ़ावा देने पर चर्चा

 

Saral Kisan (Sirsa) कृषि विज्ञान केंद्र शिक्षा की वैज्ञानिक सलाहकार समिति की बैठक बुधवार को चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार के कुलपति प्रो. बीआर कंबोज की अध्यक्षता में हुई. बैठक में किसानों तक नवीन कृषि तकनीकों के प्रभावी प्रसार, सरकारी योजनाओं की बेहतर पहुंचे और कृषि से जुड़े विभिन्न विभागों के बीच समन्वय मजबूत करने पर विशेष जोर दिया. 

बैठक में विश्वविद्यालय के निदेशक प्रसार शिक्षा डॉक्टर नरेश कौशिक, उप कृषि निदेशक डॉक्टर सुखदेव सिंह, कपास अनुसंधान केंद्र सिरसा के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉक्टर एमके वर्मा, पशुपालन विभाग के अधिकारियों, विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों, प्रगतिशील किसानों और समिति के सदस्यों ने भाग लिया.

आगामी वर्ष की कार्य योजना पर चर्चा

इस दौरान कृषि विज्ञान केंद्र की पिछले वर्ष की गतिविधियों की समीक्षा के साथ आगामी वर्ष की कार्य योजना पर विस्तार से चर्चा की गई. कृषि विज्ञान केंद्र समन्वयक डॉक्टर देवेंद्र सिंह जाखड़ ने वार्षिक प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए बताया कि केंद्र ने फसल उत्पादन, प्राकृतिक खेती, जलवायु अनुकूल कृषि, फसल विविधीकरण, कृषि यंत्रीकरण, पशुपालन, उद्यानिकी, मूल्य संवर्धन महिला सशक्तिकरण और युवा कौशल विकास से जुड़े प्रशिक्षण, अग्रिम पंक्ति प्रदर्शन, ऑन फॉर्म परीक्षण और जागरूकता कार्यक्रम सफलता पूर्वक संचालित किए हैं. साथ ही आगामी वर्ष की कार्य योजना भी समिति के समक्ष रखी.

किसानों तक पहुंचेगी नई कृषि तकनीक

प्रोफेसर बीआर कंबोज ने कहा कि कृषि विज्ञान केंद्र किसानों तक नई कृषि तकनीक को पहुंचाने की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी है. वही निदेशक प्रसार शिक्षा डॉक्टर नरेश कौशिक कृषि उद्यान की पशुपालन मत्स्य और कृषि अभियांत्रिकी सहित सभी विभागों के बेहतर समन्वय पर बल देते हुए कहा कि किसानों को एक ही मंच पर तकनीकी मार्गदर्शन और सरकारी योजनाओं का लाभ मिलना चाहिए.